Sun Tracking Solar Panel Project Without Using Microcontroller

Sun Tracking Solar Panel: आजकल Solar panel का उपयोग दिन प्रतिदिन बढ़ रहा है। Solar panel, सूर्य से ऊर्जा प्राप्त करके इसे electric energy में convert करता है जिसे battery में संग्रहीत (Store) कर लिया जाता है ताकि इसे सूर्य की absence में उपयोग में लाया जा सके।सोलर पैनल का उपयोग आने वाले समय में काफी बढ़ने वाला है।

Solar tracker या Sun Tracking Solar Panel क्या होता है?

Sun Tracking Solar Panel एक ऐसा उपकरण है जो solar panel के तल की दिशा को सूर्य की तरफ बनाये रखता है। परिणामस्वरूप हम सोलर पैनल से अधिकतम संभव ऊर्जा प्राप्त क्र सकते हैं। जैसे-जैसे गैर-नवीकरणीय (Non renewable) ऊर्जा संसाधन कम हो रहे हैं वैसे ही बिजली उत्पादन के लिए नवीकरणीय (Renewable) संसाधनों का उपयोग बढ़ रहा है। Solar panel से अधिकतम ऊर्जा प्राप्त की जाती है अगर sun लगातार panel के सामने रहे, लेकिन यह संभव नहीं होता है क्योंकि earth के rotation के कारण sun और solar tracker की स्तिथि एक दुसरे के सापेक्ष (Relative) बदलती रहती है।

Sun Tracking Solar Panel Demo

Application of solar tracking system: Solar panel से maximum energy प्राप्त करने के लिए इसे सूर्य की position के अनुसार घूमना आवश्यक है ताकि panel का तल सूर्य की ओर रहे। यह कार्य केवल संभव हो पाता है एक solar tracker की सहायता से। Solar tracker एक ऐसा उपकरण है जो solar panel के तल की दिशा को सूर्य की तरफ बनाये रखता है जिससे सूर्य से आने वाली किरण और सोलर पैनल का आपतन कोण (angle of incidence) कम से कम किया जा सके।

Sun Tracking Solar Panel

दिखाए गए चित्र के अनुसार solar tracker, solar panel को इस प्रकार व्यवस्थित रखता है की कोण (i) कम से कम रखा जा सके। इस angle को कम करने से solar panel की बिजली उत्पादन की क्षमता बढ़ जाती है।

Type of solar trackers

  • Single-axis solar trackers:
    • single-axis solar tracker एक अक्ष पर एक direction में आगे और पीछे घूमते हैं। विभिन्न प्रकार के Single-axis solar trackers क्षैतिज (horizontal), ऊर्ध्वाधर (vertical), झुका हुआ (tilted) और ध्रुवीय संरेखित (polar aligned) होता है।
  • Dual-axis solar trackers:
    • Dual-axis trackers लगातार solar panel का face सूर्य की तरफ बनाये रखते हैं।
    • ये दो अलग अलग अक्ष (axis) पर घूम सकते हैं । इस प्रकार के trackers, sun को vertically और horizontally फॉलो करते हैं और सूर्य से maximum energy प्राप्त करने में मदद करते हैं।

Solar tracker कैसे work करता है?

इसके पीछे basic concept यह होता है की सूर्य से आने वाली किरण (rays) में दो घटक (Component) होते हैं, “डायरेक्ट सनलाइट” (direct sun-light) जिसमे सूर्य की किरण की 90% ऊर्जा निहित होती है, दूसरी होती है “डिफ्यूज सनलाइट” (diffuse sun-light), जिसमे ऊर्जा का बचा हुआ भाग होता है।

क्योंकि डायरेक्ट सनलाइट में ऊर्जा का maximum part समाहित होता है इसलिए जरुरी है कि solar panel से ज्यादा से ज्यादा समय के लिए सूर्य की किरण सीधा टकराएं। बिना बादलों के, खुले आसमान में फैलने वाला प्रकाश diffuse sun-light में आता है। आसमान अगर बादलों से घिरा हो और तब इसका अनुपात (ratio) बढ़ जाता है।

यहाँ तक की बादलों के दिनों में डायरेक्ट सनलाइट और डिफ्यूज सनलाइट का अनुपात 60:40 या इससे भी कम हो सकता है। चूँकि डिफ्यूज सनलाइट पूरे आसमान में बिखरी हुई, scattered किरणे होती हैं इसलिए वह हर हाल में सोलर पैनल से टकराएंगी और सोलर ट्रैकर के अनुप्रयोग से डायरेक्ट सनलाइट के प्रवर्तित होने से हुए ह्रास को कम किया जा सकता है, परिणामस्वरूप हम सोलर पैनल से अधिकतम संभव ऊर्जा प्राप्त क्र सकते हैं।

सोलर पैनल से मिलने वाली ऊर्जा में डायरेक्ट सनलाइट का भाग, सनलाइट और सोलर पैनल के angle (i) की कोज्या (cosine) के साथ घटता जाता है (जहाँ i, सोलर पैनल और सूर्य से आने वाली किरण के बीच बना कोण है)

Sun tracker के बिना आपतन कोण (i) के साथ Energy loss:

Angle of incidence (i)∘

cos(i)

Loss (%) = [1-cos(i)]*100

0

1

0%

8

0.99

1%

15

0.966

3.4%

30

0.866

13.4%

45

0.7071

29%

50

0.6428

36%

60

0.5000

50%

75

0.2588

74%

80

0.17365

82.6%

90

0

100%

इस प्रकार परावर्तन (Reflection) के कारण ऊर्जा का ह्रास 50 डिग्री तक कोण(i) के लिए धीरे-धीरे बढ़ता है, उसके आगे यह काफी तेजी से बढ़ता है। Solar tracker सोलर पैनल की दिशा सूर्य की तरफ बनाये रखता है परिणामस्वरूप परावर्तन (reflection) काफी हद तक कम हो जाता है और हमें अधिक विद्युत् ऊर्जा प्राप्त होती है।

Two different ways to make a sun tracker for solar panel

  • Solar Tracker दो तरीके से बनाये जा सकते हैं:
    • Using microcontroller & programming
      • वह sun tracker जिनमे programming का उपयोग किया जाता है, वह कुछ expensive होते हैं। जिसे एक आम इंसान नहीं buy सकता है।
      • क्योंकि इनमे programming और microcontroller की आवश्यकता होती है। इस तरह के solar tracker बनाने में भी मुश्किल होते हैं।
    • Without using programming or Programming
      • मैंने अपने Graduation के दौरान यह प्रोजेक्ट बनाया था। जिसमे किसी भी तरह से कोई programming का प्रयोग नहीं किया गया है।
      • इस पोस्ट में मैं एक ऐसे solar tracker के बारे में बताने जा रहा हूँ जिसे बिना किसी programming के बनाया जा सकता है। यह एक solar tracker diy & Budget Solar panel है। क्योंकि इसे आप घर पर भी एक सस्ते बजट में तैयार कर सकते हैं।

List of components for making a solar tracker

  • LDR (Light Dependent Resistor)
    • सबसे simple optical sensor एक photon resister या photo-cell है जो एक light-sensitive resistance है।
    • LDR का प्रतिरोध (Resistance) प्रकाश की तीव्रता (Intensity) में वृद्धि के साथ घटता है।
  • Op-amp (IC-741)
    • जब किसी op-amp का उपयोग बिना किसी feedback circuit के differential mode में किया जाता है, तो इसका voltage gain बहुत अधिक होता है (लगभग 200000)।
    • यह दो input (inverting और non-inverting) के अंतर का 200000 गुना output result देता है। Read More About Working of Op Amp>>
  • Simple, DC Gear Motor
    • इस design में 25-35 RPM (rotation/minute) की simple gear-motor का उपयोग किया जा सकता है।
  • Battery
    • Solar panel द्वारा converted electric energy को store करने के लिए एक battery का उपयोग किया जाता है।
    • जब आसमान में बादल होते हैं, उस स्थिति में circuit चलाने के लिए enough electric energy नहीं होगी, इसलिए circuit को सीधे battery से जोड़ना better होता है।
  • LED-2 pcs and Resistances
    • मैंने इस project को बनाने में 1k, 3.2k, 15k ohm के resistance use किये थे।
  • Other Apparatus used
    • Project को बनाने के लिए कुछ और भी सहायक उपकरणों की आवश्यकता होगी।
    • Soldering iron, 8-pin IC holder, PCB Board, Breadboard, Multimeter, Resistance box, प्रकाश की तीव्रता (intensity of light) मापने के लिए Lux-meter (Smartphone भी use कर सकते हैं)

Procedure to make a sun tracker for solar panel

ऊपर दी गयी list के अनुसार सभी component तैयार करने के बाद आपको नीचे दिए गए चित्र के अनुसार bread-board पर circuit diagram बनाना है। इस सर्किट में दो पार्ट हैं; एक जो पहले हरे रंग से हाईलाइट किया है उसे LDR और resistance के द्वारा बनाना है। इसके बाद दोनों LDRs से मिले output को differential mode में लगे op-amplifier के input pin-2, pin-3 पर जोड़ना है।

Block diagram of sun tracking solar panel
Created by Munendra Singh: Please Don’t Use it in your projects without Credit

इसके बाद op-amplifier के आउटपुट को simple DC motor से जोड़ना है।

अब मोटर को अपने solar panel से जोड़ना होगा ताकि motor के घूमने पर solar panel घूम सके। यहाँ मैं नीचे एक चित्र दिखा रहा हूँ जिसमे मैंने solar panel को motor के साथ सीधा जोड़ दिया है। दोनों LDRs को एक साथ मिलाकर रखना है जिनके बीच एक अपारदर्शी/Opaque वस्तु (जैसे गत्ते/Cardboard का टुकड़ा) का प्रयोग करना है। दोनों LDRs को अब सोलर पैनल के साथ एडजस्ट करना है जिससे सूर्य की किरणें solar panel के साथ साथ LDRs पर भी पड़ सके। अब आपका solar tracker तैयार है।

यहाँ पर एक बात का ध्यान रखना होगा की जिस LDR पर रौशनी ज्यादा पड़ने पर motor जिस दिशा में घूमती है उस LDR को solar panel के सापेक्ष उसी दिशा में रखना होगा जैसे अच्छे से समझने के लिए मैं नीचे के चित्र में दिखा रहा हूँ।

Working of this sun tracker for solar panel

  • अगर LDR-1 पर प्रकाश की तीव्रता LDR-2 के सापेक्ष ज्यादा है।
    • तो उसका (LDR-1) प्रतिरोध कम होगा और इससे मिलने वाला output voltage ज्यादा होगा। इसलिए इस स्तिथि में op-amp के (+) टर्मिनल पर voltage, (-) टर्मिनल के सापेक्ष ज्यादा होगा। अतः इस स्तिथि में op-amp के आउटपुट पर वोलटेज (+) (non-inverted) प्राप्त होगा। DC मोटर मान लीजिये इस स्तिथि में clockwise घूमती है तो आपको LDR-1 को solar panel पर दुसरे LDR के सापेक्ष left-side में लगाना होगा।
  • अगर LDR-2 पर प्रकाश की तीव्रता LDR-1 के सापेक्ष ज्यादा है।
    • तो उसका प्रतिरोध कम होगा और इससे मिलने वाला output voltage ज्यादा होगा। इसलिए इस स्तिथि में op-amp के (-) टर्मिनल पर voltage (+) टर्मिनल के सापेक्ष ज्यादा होगा। अतः इस स्तिथि में op-amp के output पर voltage (-) (inverted) प्राप्त होगा। तब इस स्तिथि में DC मोटर anti-clockwise घूमेगी।
  • जैसा हमने दोनों LDRs के बीच अपारदर्शी वस्तु लगायी हुई है तो पैनल के घूमने पर एक स्तिथि में दोनों LDRs पर प्रकाश की तीव्रता सामान होगी और इस स्तिथि में op-amp के दोनों टर्मिनल (-) & (+) पर सामान volatege होगा और उसका output voltage शून्य होगा।
  • इस अवस्था में motor रुकी रहेगी, लेकिन जैसे ही सूर्य की direction change होगी, पुनः motor दोनों LDRs पर प्रकाश की तीव्रता सामान करने के लिए घूम जाएगी। इस तरह motor के घूमने की दिशा LDRs पर पड़ने वाला प्रकाश नियंत्रित करेगा।

Motor केवल रुकी हुई अवस्था में तब आएगी जब दोनों LDRs पर पड़ने वाला प्रकाश की तीव्रता एकसमान हो और जैसा हमने इन्हे solar panel के ही साथ लगाया है तो यह तब संभव है जब प्रकाश स्रोत या सूर्य, solar panel के सामने हो। अन्यथा motor तब तक घूमेगी जब तक वह solar panel को सूर्य की तरफ नहीं Adjust कर देती है।

Solar panel tracking system price

मार्किट में बने हुए Sun Tracking Solar Panel आपको INR 10,000 to INR 75,000 में मिल जायेंगे लेकिन इस Sun Tracking Solar Panel Project को बनाने में 500 INR से लेकर 1,000 INR तक का खर्च आएगा।

Want to make your own solar tracker? अगर आप इस प्रोजेक्ट को बनाने की सोच रहे हैं या बना रहे हैं और किसी भी प्रकार की समस्या आती है तो आप comment में पूछ सकते हैं/सीधा हमसे संपर्क भी कर सकते है: contact us

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